गुलज़ार साब ने इस गाने के लिए 1980 का बेस्ट lyricist, filmfare अवार्ड जीता था।
आने वाला पल जाने वाला है - 2
हो सके तो इसमें ज़िन्दगी बिता दो
पल जो ये जाने वाला है
इक बार यूं मिली मासूम सी कली
खिलते हुए कहा पुष्पास में चली
देखा तो यहीं है ढूँढा तो नहीं है
पल जो ये जाने वाला है..…आने वाला पल
इक बार वक़्त से लम्हा गिरा कहीं
वहाँ दास्तां मिली लम्हा कहीं नहीं
थोड़ा सा हंसा के थोड़ा सा रुला के
पल ये भी जाने वाला है..…आने वाला पल
आने वाला पल जाने वाला है - 2
हो सके तो इसमें ज़िन्दगी बिता दो
पल जो ये जाने वाला है
इक बार यूं मिली मासूम सी कली
खिलते हुए कहा पुष्पास में चली
देखा तो यहीं है ढूँढा तो नहीं है
पल जो ये जाने वाला है..…आने वाला पल
इक बार वक़्त से लम्हा गिरा कहीं
वहाँ दास्तां मिली लम्हा कहीं नहीं
थोड़ा सा हंसा के थोड़ा सा रुला के
पल ये भी जाने वाला है..…आने वाला पल
No comments:
Post a Comment